अयोध्या -डर से व्यापारियों ने फिर लिया बंदी का सहारा

by | Nov 30, 2021 | अपराध, ई पेपर, जनहित, नेशनल, बड़ी खबर, राजनीती, स्थापना और प्रेरणा | 0 comments

अयोध्या। सुग्रीव किला से रामजन्मभूमि तक 30 मीटर चौड़े प्रस्तावित सम्पर्क मार्ग के निर्माण से पहले जिस प्रकार भूमि को समतल करने के लिए उस पर स्थित भवनों/दुकानों का ध्वस्तीकरण हुआ, उसका भय व्यापारियों के जेहन में बैठ गया है। इसी भय के कारण सोमवार को एक बार फिर व्यापारियों ने बंदी का सहारा लिया।व्यापारियों ने एकजुटता प्रदर्शित करते हुए अपने-अपने प्रतिष्ठानों को बंद रखा। यद्यपि के सत्ता पक्ष से जुड़े व्यापारी नेताओं ने अपने-अपने प्रतिष्ठानों को खुला रखकर सम्पूर्ण बंदी पर प्रश्नचिह्न लगाने की सतही कोशिश जरूर की लेकिन उन्होंने अंदरखाने खुद भी बंदी को सफल बनाने में मदद भी दी।सत्ता पक्ष के व्यापारी नेताओं का संकट दोहरासत्ता पक्ष के व्यापारी नेताओं का संकट दोहरा है। एक तरफ राजनीतिक लाभ की चिंता तो दूसरी उनके समक्ष भी रोजी-रोटी का संकट है। जिला प्रशासन के पूर्वाधिकारियों ने पहले इन्हीं व्यापारी नेताओं का इस्तेमाल कर सभी को अंधेरे में रखा और जब अधिकारी स्थानांतरित हो गये तो नवागत अफसर घास नहीं डाल रहे हैं। यही हाल कमोवेश जनप्रतिनिधियों का भी है। मामला सीधा मुख्यमंत्री से जुड़ा होने के कारण जनप्रतिनिधि स्वयं मध्यस्थता से कतरा रहे हैं। ऐसी स्थिति में सत्ता पक्ष के व्यापारी नेता आम व्यापारियों को किस प्रकार सहूलियत दिलाने का आश्वासन दें। वह बार-बार जनप्रतिनिधियों का मुंह देख रहे हैं और जनप्रतिनिधि जबानी जमाखर्च सब कुछ ठीक हो जाने का आश्वासन दे रहे हैं।जिला प्रशासन के चिह्नित स्थानों पर नहीं बनी एक भी दुकानखास बात यह है कि शासन-प्रशासन ने बार-बार पुनस्र्थापन का भरोसा देते हुए दुकान के बदले दुकान दिलाने का आश्वासन दिया था। बीते दो साल से चल रहे प्रकरण में जिला प्रशासन की ओर से चिह्नित स्थानों पर एक भी दुकान नहीं बनाई जा सकी। सूत्र बताते हैं कि शासन की ओर से दुकानों के निर्माण के लिए अभी बजट भी नहीं आवंटित है। बताया गया कि बजट आवंटन पार्किंग स्थल के निर्माण के लिए है। उन्हीं पार्किंग स्थलों पर दुकानें भी बनेंगी। फिलहाल एडीए/नगर निगम की ओर से सम्बन्धित स्थानों का डीपीआर बनवाया जा रहा है। इस बीच विधानसभा का आसन्न चुनाव भी है और पार्टियां चुनावी भूमिका में भी आ गयी हैं। उधर लोनिवि सुग्रीव किला से रामजन्मभूमि के अलावा श्रृंगार हाट से हनुमानगढ़ी होकर रामजन्मभूमि तक मार्ग चौड़ीकरण का टेण्डर भी कर चुका है। यही नहीं मुख्यमंत्री दीपोत्सव के अवसर पर शिलान्यास कर चुके हैं।उद्योग व्यापार मंडल ट्रस्ट ने रेजीडेंट मजिस्ट्रेट को सौंपा ज्ञापनअयोध्या उद्योग व्यापार मंडल ट्रस्ट के आह्वान पर हुई जोरदार बंदी के बाद पहुंचे रेजीडेंट मजिस्ट्रेट ने व्यापारियों से बातचीत कर उन्हें समझाया और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ व्यापारियों की खुली बैठक कर उनके समस्याओं की सुनवाई का आश्वासन दिया। उनके आश्वासन पर फिलहाल बेमियादी बंदी को स्थगित कर दिया गया है। वार्ता में नंद कुमार गुप्त, शक्ति जायसवाल, ब्रजकिशोर पाण्डेय, विजय यादव, रामनाथ गुप्त, रामनरेश जायसवाल, अरविंद तिवारी, मंगल गुप्त, जगन्नाथ यादव, अवधेश मोदनवाल, शुभम गुप्त, श्रीचंद मद्धेशिया, शशांक मोदनवाल, अजय कुमार गुप्त, राम जी श्रीवास्तव, सुरेश चंद गुप्त, भारत कसौधन, बैजनाथ प्रसाद गुप्त, प्रदीप गुप्त, शैलेश गुप्त, सनी गुप्त व अंकुर गुप्ता आदि शामिल रहे।