बिसवां। कांशीराम कॉलोनी के बाशिंदे जरूरी सुविधाओं से वंचित हैं। बिजली आपूर्ति अभी तक नहीं कराई जा सकी है। यहां वाटर सप्लाई के लिये जम्मिेदारों की ओर से मिनी वाटर पम्प तो लगवाया गया। लेकिन बिजली का कनेक्शन न होने से आज तक चालू नहीं करवाया जा सका। जो झाड़-झंकार से घिर चुका है। लोगों को ऊपरी मंजिलों तक पानी ले जाने में काफी दक्कितों का सामना करना पड़ता है।आज तक नहीं देखा बिजली का मुंह: कांशीराम कॉलोनी में बिजली के पोल तक नहीं लगवाये गये हैं। यहां के बाशिंदों ने कॉलोनी में आज तक बिजली का मुंह नहीं देखा है। यहां शाम होते ही कच्ची शराब पीकर आने वाले अराजक तत्व हुड़दंग मचाते रहते हैं। कालोनी में रात के अंधेरे में प्रकाश की कोई व्यवस्था न होने से लोग डरे सहमे रहते हैं। यहां के बाशिंदे आज भी चिराग एवं मोमबत्ती के सहारे अपना जीवन गुजार रहे हैं।बाउंड्री न होने से पशुओं का जमावड़ा: कॉलोनी के चारों ओर बाउंड्रीवाल न होने से आवारा पशुओं सहित अन्य जंगली जानवर यहां घूमा करते हैं। यहां के बाशिदें हरिशंकर गुप्ता ने बताया कि कालोनी में बाउन्ड्रीवाल न होने से दिन-रात अराजक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है। शराब को पीकर बाहरी लोग यहां आते हैं और हुडदंग करते है। इनकों मना करने पर दबंगई पर उतारू हो जाते हैं। वहीं कालोनी में लगा मिनी वाटर पम्प बिजली न होने से आज तक चला ही नहीं है। इससे वाटर सलाई की कोई भी व्यवस्था नहीं है।चिराग के सहारे रातें गुजारने को मजबूरी: कमरुन्निशा ने बताया कि कॉलोनी में बिजली न होने से गर्मी के मौसम में काफी दक्कितें होती है। यहां प्रकाश की कोई भी व्यवस्था नहीं है। बिजली न होने से रात का अंधेरा हम लोग चिराग एवं मोमबत्ती की रोशनी में गुजारते है। इसको लेकर कई बार ज्ञापन दिये गए। लेकिन सर्फि आश्वासन ही मिलता है। आज तक जम्मिेदारों ने कॉलोनी में बिजली व्यवस्था के लिए कोई काम नहीं किया।नरकीय जीवन जी रहे कॉलोनी वासी:विशम्भर ने बताया कि कॉलोनी के चारों ओर बाउंड्रीवाल नही है। ऐसे में आवारा पशु घूमा करते हैं। जम्मिेदारों ने इन जानवरों को पकड़वाने की आज तक जहमत नहीं उठाई है। यहां चारों से तरफ खुला होने के चलते अनजान लोगों की आवाजाही रहती है। चोर-उचक्कों का भी खतरा बना रहता है। व्यवस्थाओं के अभाव में नरकीय जीवन जीवने को विवश होना पड़ रहा है।काफी दूर हैंडपम्प से लाना पड़ता है पानी: शकीला ने बताया कि मिनी वॉटर पम्प मंुह चिढ़ा रहा है। यहां के लोगों को काफी दूर से हैंडपम्प से पानी लाना पड़ता है, जिससे काफी दक्कित होती है। लोगों ने कई बार बिजली का कनेक्शन करवाए जाने को लेकर जम्मिेदारों से गुहार लगाई। कालोनी के बाशिंदे बिजली के लिए तरस रहे हैं लेकिन जम्मिेदार मौन हैं
सीतापुर -जरूरी सुविधाओं के लिए तरस रहे कॉलोनी वासी

