स्वावलंबन कैंप में महिलाओं को बनाया जाएगा जागरूकमिशन शक्ति 1300 बालिकाओं को मिलेगा कन्या सुमंगला योजना का लाभजिले में ब्लॉक स्तर पर 21 अगस्त को आयोजित होंगे शिविरप्रशासन द्वारा मिशन शक्ति के तहत कई कार्यक्रमों का आयोजन समय सारणी अनुसार होगा। जिला प्रोबेशन अधिकारी सूरज सिंह ने बताया जनपद में स्वावलंबन कैंप द्वारा महिलाओं व बच्चों की सुरक्षा सम्मान व स्वाभिमान के संदर्भ में उनके अधिकारों के बारे में जागरूक किया जाएगा। जनपद में ब्लॉक स्तर पर स्वाबलंबन कैंप का आयोजन 21 अगस्त को किया जाएगा। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित योजनाओं मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना योजना ,बाल सेवा योजना,वन स्टॉप सेंटर हेल्पलाइन नंबर 1090 ,1098, 102,108, 121की योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की जाएगी।यह कैंप जिला अस्पताल और नगर पालिका में आयोजित किए जाएंगे।डीपीओ ने बताया परिवारिक विवादों के कारण आपसी संबंध लगातार कमजोर हो रहे हैं।ऐसी स्थिति में परिवारिक समाजिक समस्याओं के समाधान हेतु वन स्टॉप सेंटर द्वारा काउंसलिंग कर घरेलू विवादों को सुलझाने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने बताया बढ़पुरा ब्लॉक के सराय ऐसर में एक वन स्टॉप सेंटर चलाया जा रहा है। जिला अस्पताल में वन स्टॉप सेंटर की बिल्डिंग लगभग तैयार हो गई है। इस माह के अंत तक वहां पर वन स्टॉप सेंटर चालू हो जाएगा। 1300 बालिकाओं का कन्या सुमंगला योजना के तहत किया गया पंजीकरण डीपीआओ सूरज सिंह ने बताया बालिकाओं के बेहतर स्वास्थ्य व शिक्षा के लिए प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना में लगभग 1300 बालिकाओं का पंजीकरण कराया जा चुका है। उन्होंने कहा जनपद में कन्या सुमंगला योजना को जन जन तक पहुंचाने के लिए विशेष रूप से प्रयास किए जा रहे हैं। यह योजना समाज में बालिकाओं के प्रति नकारात्मक सोच बदले और बालिकाओं को सामाजिक सुरक्षा के साथ-साथ विकास के नए अवसर प्रदान करने में महत्वपूर्ण साबित होगी। उन्होंने बताया जिले में पंजीकरण कराने वाली 1300 बालिकाओं को 21 अगस्त को लखनऊ से वर्चुअल रूप से मुख्यमंत्री द्वारा उनके खातों में आर्थिक लाभ प्रदान करने का लक्ष्य है। इस योजना को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाने के लिए स्वास्थ्य विभाग ,शिक्षा विभाग समेत अन्य विभागों की कई टीमें कार्य कर रही है।उन्होंने बताया किसी परिवार की अधिकतम दो बच्चियों को योजना का लाभ मिल सकता है। परिवार में अधिकतम 2 बच्चे हों। किसी महिला को द्वितीय प्रसव में जुड़वा बच्चे होने पर तीसरी संतान के रूप में लड़की को भी लाभ अनुमन्य होगा।
इटावा -स्वावलंबन कैंप में महिलाओं को बनाया जाएगा जागरूकमिशन शक्ति 1300 बालिकाओं को मिलेगा कन्या सुमंगला योजना का लाभ

