जिलाधिकारी महोदय के अल्टीमेटम का जमकर उड़ा मजाक आवारा पशुओं का तांडव जारी सांडा (सीतापुर) मामला विकासखंड सकरन की ग्राम पंचायत दुगाना का है जहां जिलाधिकारी महोदय के अल्टीमेटम के बाद ग्राम वासियों ने गांव के किसानों की फसलों को बर्बाद कर रहे आवारा पशुओं को ग्राम वासियों ने पकड़ कर के गांव के विद्यालय में एकत्रित किया और जिसकी सूचना ग्राम वासियों ने ग्राम प्रधान रामचंद्र ग्राम विकास अधिकारी अर्पित गुप्ता और सकरन खंड विकास अधिकारी रजनीश कुमार शुक्ला को दी लेकिन ग्राम प्रधान और ग्राम विकास अधिकारी और खंड विकास अधिकारी ने ग्राम वासियों को आवारा पशुओं से निजात दिलाने के बजाय जिलाधिकारी महोदय के आदेश को ताख में रखकर उल्टे ग्राम वासियों को ही धमकाने लगे खंड विकास अधिकारी महोदय किसानों को धमकाने तक ही सीमित नहीं रहे आवारा पशुओं को एकत्रित करने वाले किसानों के खिलाफ f.i.r. कराने की संसूचना भी दे डाली ग्रामवासी दिनेश, बैजनाथ, विनोद, प्रमोद, अशोक, शिवम, पंकज, संदीप, अनूप, रिंकू, श्री केशन, कमलेश, अरविंद कुमार, सुकरू, गोविंद, श्री राम, मनोहर, दिग्विजय, छोटेलाल, कमलेश, राम लखन, संत शरण, राजकुमार, अजीत, विनोद, रामेंद्र, विनय, रमेश, आसाराम, अजीत, मुलायम, रमेश, विपिन, नागेश्वर, रामचंद्र, छोटेलाल, श्री कृष्ण, मालती, भगवानदीन, कमलेश, दिव्यांशु, रामचंद्र, दुर्जन, अर्जुन, दिलीप, रामहित, राम भूखंन, अमित गुप्ताआदि किसानों ने लगभग 250 आवारा पशु घूम रहे पशुओं को गांव के विद्यालय में एकत्रित किया लेकिन ग्राम विकास अधिकारी और खंड विकास अधिकारी और प्रधान ने किसानों की फसलों को बर्बाद कर रहे पशुओं की व्यवस्था न करने के बजाए किसानों को ही धमकी दे डाली जबकि जिलाधिकारी महोदय का आदेश था कि किसी ग्राम पंचायत में अगर आवारा पशु घूमते मिले तो उसके जिम्मेदार ग्राम प्रधान ग्राम विकास अधिकारी और खंड विकास अधिकारी और लेखपाल होंगे लेकिन दुगाना ग्राम पंचायत में जिलाधिकारी महोदय के आदेशों का मजाक उड़ाया गया अब देखना यह है क्या जिलाधिकारी महोदय की बातें सिर्फ हवा हवाई थी या इन सभी कारवाही यों को धरातल पर भी लाया जाएगा या इसी तरीके से जिलाधिकारी महोदय के आदेशों की अवहेलना ग्राम प्रधान और ग्राम विकास अधिकारी और खंड विकास अधिकारी करते रहेंगे
सीतापुर -जिलाधिकारी महोदय के अल्टीमेटम का जमकर उड़ा मजाक आवारा पशुओं का तांडव जारी

