उत्तर प्रदेश -पेशी की सूचनाएं लीक पर ? बांदा जेल में 13 अफसरों से चार घंटे सवाल-जवाब

by | Mar 31, 2022 | अपराध, ई पेपर, जनहित, नेशनल, बड़ी खबर, राजनीती, स्थापना और प्रेरणा | 0 comments

मुख्तार अंसारी की लखनऊ पेशी की सूचनाएं लीक करने के मामले को शासन ने बहुत गंभीरता से लिया है। शासन के आदेश पर डीआईजी जेल संजीव त्रिपाठी ने गुरुवार को बांदा मंडल कारागार में जांच शुरू की। दोपहर दो बजे से शाम छह बजे तक उन्होंने कारगार के 13 अफसरों से पूछताछ की। एक सप्ताह में उनको रिपोर्ट शासन को देनी है।माफिया और पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी की बीते सोमवार को लखनऊ की कोर्ट में पेशी की हर सूचना जेल से लीक हो रही थी। पेशी पर ले जाने की गुपचुप तैयारी की पूरी जानकारी कोई जेल से मुख्तार के बेटे विधायक अब्बास बिन मुख्तार अंसारी तक पहुंचा रहा था। इस पर उन्होंने सात ट्वीट किए। अधिकारियों की हर गतिविधि का वीडियो और पल-पल की जानकारी लीक होने पर जेल की सुरक्षा पर सवाल उठे। इस पर शासन ने जांच के आदेश दिए।गुरुवार दोपहर जांच को पहुंचे डीआईजी जेल ने सभी प्रमुख अधिकारियों से लंबी पूछताछ की। प्रभारी जेल अधीक्षक वीरेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि चार घंटे की जांच में डीआईजी जेल ने 13 अफसरों के बयान दर्ज किए। उनके अलावा, डीआईजी ने मुख्तार की सुरक्षा में तैनात दोनों डिप्टी जेलरों और अन्य कर्मचारियों से गहराई से पूछताछ की। मुख्तार के करीबी तक पहुंचने के लिए पुलिस सर्विलांस टीम को भी लगाया गया है। कई संदिग्धों की मोबाइल कॉल का रिकार्ड जुटाया गया है। मामले की तह तक पहुंचने के लिए एक वरिष्ठ अधिकारी की अगुवाई में सात सदस्यीय टीम बनायी गयी है।जिस एंबुलेंस से मुख्तार अंसारी को लखनऊ ले जाया जा रहा था, उसके और वज्र वाहन के बीच कई जगह प्राइवेट गाड़ियों की इंट्री हुई थी। इन प्राइवेट गाड़ियों से लगातार फेसबुक लाइव किया जा रहा था, इसे सुरक्षा में चूक मानते हुए शासन ने एसटीएफ को भी जांच में लगाया है।