उत्तर प्रदेश -पहली बार परिसरों के अंदर हुई अलविदा की नमाज, पुलिस ने ली राहत की सांस

by | Apr 30, 2022 | अपराध, ई पेपर, जनहित, नेशनल, बड़ी खबर, राजनीती, स्थापना और प्रेरणा | 0 comments

रमजान माह में अलविदा की नमाज सकुशल संपन्न हो जाने के बाद पुलिस ने राहत की सांस ली है। पहली बार अलविदा की नमाज परिसरों में पढ़ी गई। कहीं से भी राष्ट्रीय राजमार्ग या किसी अन्य मुख्यमार्ग पर नमाज पढ़े जाने की सूचना नहीं है। शासन की पहल पर धर्मगुरुओं की अपील का असर यह रहा कि शुक्रवार को प्रदेश में 31151 स्थानों पर शांतिपूर्ण माहौल में नमाज अदा की गई। इन सभी स्थानों पर कड़े सुरक्षा प्रबंध किए गए थे। धर्मस्थलों से अवैध लाउडस्पीकर हटवाने के अभियान को लेकर कुछ शरारती तत्वों द्वारा इस मौके पर गड़बड़ी किए जाने की आशंका थी। अलविदा की नमाज के बाद पुलिस अब ईद को लेकर तैयारियों में जुट गई हैअपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी ने कहा कि ईद का त्योहार पूरी तरह शांतिपूर्ण माहौल में मनाया जाएगा। अवैध लाउडस्पीकर हटवाने और वैध लाउडस्पीकर की आवाज तय मानक के अनुसार धीमी कराने के अभियान में धर्मगुरुओं का अभूतपूर्व सहयोग प्राप्त हुआ है। ईद के दिन भी ऐसा ही समन्वय व संवाद स्थापित करके सभी जरूरी प्रबंध किए जाएंगे। अयोध्या में दंगा कराने की साजिश का पर्दाफाश होने की घटना का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि घटना पर धर्मगुरुओं ने न सिर्फ संयम बनाए रखा और कोई प्रतिक्रिया नहीं दी, बल्कि पुलिस को पूरा सहयोग भी दिया। अब तक 29808 धर्मगुरुओं से हुई वार्तासंवाद के जरिए धर्मस्थलों से लाउडस्पीकर हटवाने के लिए पुलिस ने अब तक 29808 धर्मगुरुओं से संवाद किया। डीजीपी मुख्यालय के अनुसार शुक्रवार को 19949 मस्जिदों, 7436 ईदगाहों व 2846 अन्य स्थानों पर अलविदा की नमाज अदा की गई। इन 2846 स्थानों को संवेदनशील स्थल के रूप में चिह्नित किया गया था। इसके अलावा 2705 स्थानों को भी संवेदनशील माना गया था। इन सभी स्थानों पर कड़े सुरक्षा प्रबंध किए गए थे। जिलों की पुलिस के अलावा 46 कंपनी पीएसी व सात कंपनी सीएपीएफ की तैनाती की गई थी।इसके साथ ही 1492 प्रशिक्षणार्थियों को भी सुरक्षा-व्यवस्था की ड्यूटी में लगाया गया था। ईद तक सभी सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं। अयोध्या में माहौल बिगाड़ने की साजिश का पर्दाफाश होने के बाद सभी एजेंसियां चौकन्नी हो गई हैं। एटीएस ने भी संवेदनशील जिलों में संदिग्धों पर नजर गड़ा रखी है। सहारनपुर के देवबंद समेत अन्य कई जिलों में अवैध बांग्लादेशी नागरिकों की तलाश भी तेज कर दी गई है। इन जिलों में हटवाए गए सबसे ज्यादा लाउडस्पीकरबिजनौर-5568सहारनपुर-2448बलरामपुर-2018मुजफ्फरनगर-1618रामपुर-1518शामली-996सीतापुर-967बदायूं-886बरेली-612