उत्तर प्रदेश विश्वविद्यालय-महाविद्यालय शिक्षक महासंघ कार्यकारिणी की बैठक रविवार को मालवीय सभागार लखनऊ विश्वविद्यालय में हुई। बैठक की अध्यक्षता डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने की। इसमें प्रदेश के लगभग सभी विश्वविद्यालय संघों के 55 शिक्षक प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक में सर्वसम्मति से गोरखपुर विश्वविद्यालय,गोरखपुर के कुलपति प्रोफेसर राजेश सिंह के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पास किया गया। निंदा प्रस्ताव वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय,जौनपुर के शिक्षक संघ अध्यक्ष डॉ. विजय सिंह ने सदन में रखा। जिसे सदन ने सर्वसम्मति से पास किया। बैठक में प्रमुख रूप से पुरानी पेंशन बहाली, ग्रीष्मावकाश एवं अन्य अवकाशों के सन्दर्भ में यूजीसी द्वारा प्रदत्त प्रावधानों पर एकरूपता एवं स्पष्टता, 65 वर्ष अधिवर्षता की आयु, शिक्षकों के एकल स्थानांतरण से रोस्टर की समाप्ति, निदेशालय/क्षेत्रीय उच्च शिक्षा कार्यालय स्तर पर व्याप्त भ्रष्टाचार ,राज्य कर्मचारियों की भांति कैशलेस चिक्तिसा, सातवें वेतन मान एवं अन्य एरियर के लिये बजट की मांग, प्रोफेसर पदोन्नति के विसंगतियों का निवारण आदि पर गहन विमर्श किया गया। बैठक में डा. विवेद द्विवेदी, डॉ. पीआर यादव, डॉ. डीके तिवारी, डा.. मनोज पाण्डेय, डॉ. प्रदीप सिंह, डॉ. राहुल उज्ज्वल, डॉ. वाई के शर्मा, डॉ. निर्भय सिंह एवं डा.. दिग्विजय सिंह शामिल हुए।
लखनऊ -समस्याओं के लिए लड़ेगा महाविद्यालय शिक्षक संघ

