लखनऊ विश्वविद्यालय ने इन-हाउस पेड इंटर्नशिप कार्यक्रम कर्मयोगी के दूसरे चरण के परिणामों की घोषणा कर दी है। इसके लिए 245 छात्रों ने आवेदन किया था और स्क्रीनिंग के बाद 50 छात्रों का चयन किया गया है।कुलपति प्रो. आलोक कुमार राय ने कर्मयोगी योजना के तहत इन-हाउस इंटर्नशिप शुरू की थी। शुक्रवार को दूसरे चरण के चयनित छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। समारोह में कुलपति ने कहा कि कर्मयोगी योजना से चयनित छात्र-छात्राओं को न केवल पेशेवर कौशल में उत्कृष्टता हासिल मिलेगी, बल्कि वित्तीय स्वतंत्रता हासिल करने से उनका मनोबल भी बढ़ेगा। अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो. पूनम टंडन ने बताया कि पिछले साल ‘कर्मयोगी’ योजना शुरू की गई थी। पहले चरण के छात्र-छात्राओं को 15000 रुपये की राशि के साथ कार्य अनुभव प्रमाण पत्र दिया गया था। इस योजना के अंतर्गत 50 दिनों के लिए प्रति दिन दो घंटे की सीमा के साथ 150 रुपये प्रतिघंटा की दर से 15000 रुपये तक की धनराशि अर्जित कर सकते हैं। आवेदनों की जांच के लिए समिति गठित है। इसमें छात्रों का भी एक प्रतिनिधि शामिल है। ब्योरा विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर उपलब्ध है। चयनित छात्र-छात्राओं को जम्मू विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो उमेश राय, क्लस्टर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो बेचन लाल, डीन साइंस प्रो बृजेंद्र सिंह बधाई दी है।
लखनऊ -पढ़ाई के साथ प्रति घंटा डेढ़ सौ रुपये कमाएंगे

