जिला उपाध्यक्ष के नेतृत्व में तिरंगा यात्रा में शामिल हुए हजारों लोग जनपद में ऐतिहासिक रही शुकुल बाजार की तिरंगा यात्रा पुलिस प्रशासन ने किए सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम
मुख्य संवाददाताअमेठी: विकाशखण्ड शुकुल के अंतर्गत आजादी की 75 वीं वर्षगांठ को भारतीय जनता पार्टी अमृत महोत्सव के रूप में मना रही है। और इसी कड़ी में केंद्र की मोदी सरकार और राज्य की योगी सरकार अनेकानेक आयोजन कर रही हैं। इसी कड़ी में अमेठी जनपद में 9 अगस्त और 10 अगस्त को तिरंगा यात्रा निकालकर आजादी के जश्न को मनाया जा रहा है इस कड़ी में शुकुलबाज़ार कस्बा में भाजपा मंडल कार्यालय पांडे गंज पर मंडल अध्यक्ष शंकर बक्स सिंह एवं जिला उपाध्यक्ष गिरीश चंद एंव ब्यापार मण्डल अध्यक्ष पंडित राम उजेरे शुक्ला के नेतृत्व में हजारों लोग इकट्ठा हुए। जहां तिरंगा यात्रा पांडे गंज चौराहा से अंबेडकर चौराहा तक निकाली गई जिसमें कई हजार लोगों ने वंदे मातरम, भारत माता की जय, के नारों के उद्घोष के साथ पूरे उत्साह और उमंग से हाथ में तिरंगा लेकर शामिल हुए। प्रत्यक्षदर्शियों की माने तो इसके पहले किसी भी आयोजन में इतना बड़ा जनसमूह एक साथ नहीं इकट्ठा हुआ लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत जनतंत्र में तिरंगा यात्रा में पूरे उत्साह के साथ सहभागिता निभाई यही नहीं सूत्रों की माने तो अमेठी जनपद का सबसे भव्य और ऐतिहासिक आयोजन रहा जहां इतना बड़ा जनसमूह इकट्ठा हुआ। सफल आयोजन के लिए मंडल अध्यक्ष और जिला उपाध्यक्ष एंव ब्यापार मंडल अध्यक्ष ने सभी कार्यकर्ताओं व आम जनमानस का आभार प्रकट किया। इस दौरान थाना अध्यक्ष अखिलेश गुप्ता ने सुरक्षा व्यवस्था के अचूक प्रबंध कर रखे थे चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात थी और तिरंगा यात्रा में किसी प्रकार की खलल बाधा उत्पन्न ना हो इसका विशेष ध्यान दिया गया। जिला उपाध्यक्ष गिरीश चंद्र शुक्ला ने कहा कि हमारी आजादी हमें प्राणों से अधिक प्रिय है देश की एकता अखंडता और संप्रभुता की रक्षा के लिए हम सभी तन मन धन से समर्पित हैं। इस दौरान वरिष्ठ भाजपा नेता पंडित राम उंजेरे शुक्ला, मंडल महामंत्री दिनेश कौशल, ओबीसी जिला महामंत्री विपिन वैश्य, युवा भाजपा नेता एवं मशहूर व्यापारी व्यापारी ध्रुव गुप्ता, लालता गुप्ता, युवा नेता विनय चौरसिया, सहित सभी सेक्टर संयोजक, बूथ अध्यक्ष, सभी मोर्चों के पदाधिकारी, सभी विभागों के पदाधिकारी, सभी प्रकोष्ठों के पदाधिकारी, व पार्टी पदाधिकारी कार्यकर्ता मौजूद रहे।

